लिखता हूँ फिर मिटाता हूँ कुछ लिखने की कोशिश करता हूँ मन में अंतर्द्वंदों की सरिता जो बहती है फिर शांत होती उन लहरों की शीतलता देख …
Read moreकिसी गांव में एक संत घूमा करते थे। उनकी सफेद लंबी दाढ़ी थी और हाथ में एक मोटा डंडा। चीथड़ों में लिपटा उसका ढीला—ढीला और झुर्रियों से भरा बुढ़ा…
Read moreभगवान सूर्य परमात्मा नारायण के साक्षात् प्रतीक हैं। श्रीहरि ही सूर्य के रूप में विराजमान हैं; इसलिए वे सूर्यनारायण कहलाते हैं। भगवान सूर्य प…
Read moreदीपावली 2019: पांच दिवसीय त्योहार के पांच उपाय*_(दिवाली का पंच दिवसीय पर्व ऐसा अनुभव प्रयोग है जिसमें पंचतत्व, पंचकोश तथा …
Read moreइलायची दो प्रकार की होती है - छोटी व बड़ी । आमतौर पर छोटी इलायची का ही उपयोग करना चाहिए, जब तक कि विशेषरूप से बड़ी इलायची के लेने का निर्दे…
Read moreआयुर्वेद के मतानुसार आँवले थोड़े खट्टे, कसैले, मीठे, ठंडे, हलके, त्रिदोष (वात-पित्त-कफ) का नाश करने वाले, रक्तशुद्धि करनेवाले, रुचिकर, मूत्रल, प…
Read moreआ हम तुम चलें साथ वहाँ जहाँ प्यार ही प्यार हो हम दोनों के दरम्यां कोई गम भी न हो पास वहाँ जहाँ प्यार ही प्यार हो हम दोनों के द…
Read moreपवित्र कार्तिक मास का एक नाम दामोदर मास भी है। 'दाम' कहते हैं रस्सी को और 'उदर' कहते हैं पेट को। इस महीने में माता यशोदा ने भगवा…
Read moreभारत के मसाले देश में ही नहीं बल्कि विदेश में भी प्रसिद्ध हैं। मसाले हमारे खाने का स्वाद ही नहीं बढ़ाते अपितु हमारे शरीर के लिए स्वास्थ वर्धक…
Read moreऐ जिंदगी सुन ले ज़रा तुझे तो मैं देख लूंगा जो तू मुझे हर पल आजमाती है मैं भी किसी से कम नहीं हूं जहां तू है मैं भी वहीं हूं …
Read moreएक औरत रोटी बनाते बनाते "ॐ भगवते वासूदेवाय नम: " का जाप कर रही थी, अलग से पूजा का समय कहाँ निकाल पाती थी बेचारी, त…
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