स्वेच्छा से कार्य करें सब
पर मर्यादित अजादी हो
जैसे नदी बहे अपनी हद में
ऐसी सबकी आजादी हो
न हो कोई भेद किसी में
देश में न कोई शोषित हो
जिसमें लोगों का हो मत
ऐसी सच्ची आजादी हो
देश हित में कार्य करें सब
सबकी की जिम्मेवारी हो
ठेस न पहुंचे किसी धर्म को
ऐसी अपनी आजादी हो
कर्म करें हम अपना अपना
पर प्रभु राम जैसा मर्यादित हो
स्वेच्छा से कार्य करें सब
पर मर्यादित आजादी हो
@अरुण पांडेय


0 Comments